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इंदौर में डॉग फीडिंग के लिए नई व्यवस्था, निगम ने जारी की सख्त गाइडलाइन, 172 फूड प्वाइंट तय

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इंदौर
नगर निगम ने शहर में आवारा श्वानों को लेकर नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी कर ली है। शहरभर के सभी वार्डों में 172 स्थानों को आवारा श्वानों के लिए फूड प्वाइंट के रूप में चिन्हित किया गया है। इन स्थानों पर आने वाले दिनों में सूचना बोर्ड भी लगाए जाएंगे, ताकि नागरिकों को तय स्थानों की जानकारी मिल सके।

शहर में विवाद रोकने के लिए तय किए गए फूड प्वाइंट
नगर निगम द्वारा सभी जोनों के अंतर्गत आने वाले वार्डों में ऐसे खुले स्थानों की पहचान की गई है, जहां आवारा श्वानों को भोजन दिया जा सके। अक्सर गलियों और रहवासी इलाकों में श्वानों को भोजन देने को लेकर विवाद की स्थिति बनती रही है। इसी को देखते हुए निगम ने ऐसे स्थान तय किए हैं, जहां किसी भी रहवासी को आपत्ति न हो। ये स्थान खुले इलाकों में और रहवासी क्षेत्रों से दूर रखे गए हैं।

172 स्थानों की सूची निगम वेबसाइट पर उपलब्ध
नगर निगम अधिकारी डॉ. उत्तम यादव के अनुसार पहले चरण में 172 स्थानों को आवारा श्वानों के लिए फूड प्वाइंट के रूप में चिह्नित किया गया है। इन सभी स्थानों की सूची निगम की वेबसाइट पर अपलोड कर दी गई है। जल्द ही यह सूची सभी जोनल कार्यालयों को भेजी जाएगी, ताकि संबंधित कार्यालयों में इसे चस्पा किया जा सके। तय स्थानों पर सूचना बोर्ड भी लगाए जाएंगे, जिससे लोग केवल निर्धारित स्थानों पर ही भोजन सामग्री दे सकें।

नियम तोड़ने वालों पर होगी चालानी कार्रवाई
नगर निगम ने नागरिकों से अपील की है कि वे आवारा श्वानों को भोजन केवल तय किए गए फूड प्वाइंट पर ही दें। प्रारंभ में लोगों को समझाइश दी जाएगी, लेकिन बाद में नियमों का सख्ती से पालन कराया जाएगा। निर्धारित स्थानों के अलावा अन्य जगहों पर श्वानों को भोजन देने वालों के खिलाफ निगम द्वारा चालान बनाने का प्रस्ताव रखा गया है।

पालतू श्वान मालिकों के लिए भी जारी की चेतावनी
नगर निगम ने पालतू श्वान पालने वालों के लिए भी जाहिर सूचना जारी की है। निगम ने श्वान मालिकों से अपील की है कि वे अपने पालतू श्वानों का रजिस्ट्रेशन और टीकाकरण अनिवार्य रूप से कराएं। पत्थर गोदाम रोड स्थित निगम मुख्यालय में टीकाकरण और रजिस्ट्रेशन की सुविधा उपलब्ध है। निगम के अनुसार शहर में बड़ी संख्या में श्वान पालने वाले ऐसे हैं, जिन्होंने अब तक अपने श्वानों का रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है।

 

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Author: Editor

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